व्यावसायिक शिक्षा के अंतर्गत प्रदेश में कुल 592 विद्यालयों में विभिन्न ट्रेड लेकर लाखों विद्यार्थियों को उनके हुनर को तराशने के उद्देश्य से पाठ्यक्रम संचालित है। व्यावसायिक शिक्षा का मूल उद्देश्य है कि विद्यार्थियों को उनके रूचि के अनुसार विषय को चुनकर, उस ट्रेड का प्रायोगिक कार्य मे फोकस करते हुए उन्हे कर के सिखने पर जोर दिया जा रहा है। व्यावसायिक शिक्षा के अंतर्गत पढ़ रहे विद्यार्थियों को अतिथि व्याख्यान, औद्योगिक भ्रमण, इंटर्नशिप, ऑन जॉब ट्रेनिंग जैसे गतिविधियों के द्वारा उन्हें संबंधित विषय में पारंगत बनाया जाता है। योजनाओं के जमिनी हकीकत को जांचने के लिए IEPL के राज्य समन्वयक आदित्य पिल्लई एवं बृजेश कुमार शुक्ला द्वारा लगातार विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया जा रहा है।
जिसमें संस्था मे चल रहे व्यावसायिक पाठ्यक्रम के अंतर्गत विभिन्न ट्रेडो में से एग्रीकल्चर,ब्यूटी एंड वेलनेस, इलेक्ट्रॉनिक्स एंड हार्डवेयर, आई टी, मीडिया एंड इंटरटेनमेंट, तथा रिटेल के छात्राओं को NAPS पोर्टल में रजिस्ट्रेशन,कैरियर काउंसलिंग की विस्तृत जानकारी दी जा रही है , छात्राओं को प्रायोगिक ज्ञान हेतु प्रोत्साहित किया गया। राज्य समन्वयक द्वारा कन्या पाटन जिला-दुर्ग, रीवागहन, भानपुरी, हर्दी, जंगलपुर जिला - राजनांदगांव, जांजगीर - चांपा, शक्ती विद्यालयों में औचक निरीक्षण किया गया है जिससे व्यावसायिक शिक्षा के मूलभूत उद्देश्यों को विद्यार्थियों तक पहुंचाया जा सके।





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